देहरादून। लगातार चल रही भाजपा सरकार की मनमानी पर एक और गंभीर आरोप लगा है। आरोप है कि सहसपुर विधानसभा सीट से विधायक उमेश काऊ ने ननूरखेडा स्थित प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय में शनिवार दोपहर निदेशक अजय कुमार नौडियाल और उनके समर्थकों ने जमकर मारपीट की।
अब इस मामले में निदेशक अजय कुमार नौडियाल की शिकायत पर रायपुर थाने में विधायक उमेश शर्मा काऊ और अन्य अज्ञात व्यक्तियों पर मुकदमा दर्ज किया गया है। तहरीर में आरोप हैं कि विधायक उमेश शर्मा काऊ और उनके समर्थकों ने उनके ऑफिस में घुसकर जानलेवा हमला किया, कमरे को बंद कर दिया और गंभीर रूप से घायल कर दिया। तहरीर में घटना का पूरा घटनाक्रम विस्तार से दर्ज है, जिसमें महिला कार्मिकों के साथ अभद्रता से लेकर दस्तावेज फाड़ने और फर्नीचर तोड़कर फेंकने तक के आरोप शामिल हैं।
शिकायत में मारपीट, गाली-गलौ जान से मारने की धमकी, महिला कर्मचारियों से अभद्रता, दस्तावेज फाड़ने और फर्नीचर तोड़ने जैसे आरोप भी लगाए गए हैं।
वहीं विधायक काऊ ने आरोपों से इनकार करते हुए कहा कि वे प्राथमिक विद्यालय नामकरण प्रकरण में अधिकारियों से बात करने गए थे और बाहर से आए लोगों की नारेबाजी के बाद धक्का-मुक्की की स्थिति बनी। उन्होंने निष्पक्ष जांच की मांग की है।
विधायक के गनर ने भी तहरीर
विधायक के पहुंचते ही वहां मौजूद कुछ लोगों ने अचानक शोरगुल और हंगामा शुरू कर दिया। इसी दौरान एक व्यक्ति ने मोबाइल फोन उठाकर विधायक की ओर फेंका, जो उनके पास से गिरते हुए किसी अन्य व्यक्ति को लग गया। इसके बाद माहौल और अधिक तनावपूर्ण हो गया।
ऐसे में देखना दिलचस्प होगा कि भाजपा सरकार के इन बिगड़ैल विधायक पर सरकार लगाम लगाएगी या नहीं!
या अधिकारी ऐंसे ही पिटते रहेंगे!









