देहरादून। बीते 14 नवंबर से अपनी लंबित मांगों को लेकर आंगनवाड़ी वर्कर आंदोलनरत हैं। उनकी मांग है कि उन्हें राज्य कर्मचारी घोषित करने के साथ ही 24 हजार रुपए मानदेय दिया जाए। व उनकी मांग है कि खाली पड़े सुपरवाइजर पदों पर आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को पदोन्नति दी जाए।
वहीं सूत्रों से पता चला है कि प्रदेश की 40000 आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के मानदेय में 1600 रुपए तक की बढ़ोतरी हो सकती है। बाकायदा इसके लिए प्रस्ताव भी तैयार हो चुका है। वहीं उनके रिटायरमेंट पर बाल विकास विभाग ने 1 लाख रुपए देने पर सहमति जताई है।
संगठन की प्रदेश अध्यक्ष सुशीला खत्री ने बताया कि इस राशि में हर साल 5% की बढ़ोतरी होगी। उन्होंने कहा कि वर्ष 2021 में हमारा मानदेय बढ़ाया था, तब से लेकर अभी तक कोई मानदेय वृद्धि नहीं हुई है। सरकार जब तक मांगों पर लिखित आश्वासन नहीं देती है तब तक सभी आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों का आंदोलन जारी रहेगा।













