ऋषिकेश। नगर निगम ऋषिकेश में भाजपा के अंदर ही घमासान मच गया है। पार्टी के कई पार्षद अब अपने ही मेयर और नगर निगम के अधिकारियों के खिलाफ सड़क पर उतरने का मन बना चुके हैं। उनका कहना है कि निगम में टेंडर देने में गड़बड़ी हो रही है। भाजपा पार्षदों के वार्डों को नजरअंदाज करके निर्दलीय और कांग्रेस समर्थित पार्षदों के इलाकों में ज्यादा पैसा भेजा जा रहा है।
सोशल मीडिया पर एक पोस्टर तेजी से वायरल हो रहा है। इसमें नगर निगम पर “टेंडर में धांधली”, “भ्रष्टाचार” और “चहेतों को फायदा पहुंचाने” के आरोप लगाए गए हैं। पोस्टर में चेतावनी भी दी गई है कि अगर जल्द सुधार नहीं हुआ तो अनिश्चितकालीन धरना और बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
भाजपा पार्षदों का आरोप है कि उनके वार्डों में विकास के लिए बहुत कम बजट दिया गया। वहीं दूसरी तरफ निर्दलीय और कांग्रेस के पार्षदों के क्षेत्र में मोटी रकम जारी की गई। पार्षदों का कहना है कि इस भेदभाव की वजह से आम जनता को भी परेशानी हो रही है।
उन्होंने साफ कह दिया है कि अगर सभी वार्डों में बराबर और पारदर्शी तरीके से पैसा नहीं बंटा तो नगर निगम कार्यालय के सामने अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर देंगे और आंदोलन तेज करेंगे।
फिलहाल इस पूरे मामले पर मेयर या नगर निगम प्रशासन की तरफ से कोई बयान नहीं आया है। चूंकि विरोध अपनी ही पार्टी के भीतर से हो रहा है, इसलिए अगर धरना शुरू होता है तो भाजपा के लिए यह स्थानीय स्तर पर बड़ी मुश्किल खड़ी कर सकता है।








