उत्तराखण्ड में लगातार बढ़ती आपराधिक घटनाओं ने एक बार फिर कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। बीते कुछ दिनों में गोलीबारी और हत्याओं की घटनाओं के बाद अब हरिद्वार जिले से एक और सनसनीखेज मामला सामने आया है। नारसन क्षेत्र के खेड़ा जट गांव में मंगलवार देर रात पुरानी दुश्मनी ने हिंसक टकराव का रूप ले लिया, जहां दो परिवारों के बीच जमकर गोलियां चलीं।
बताया जा रहा है कि खेड़ा जट गांव निवासी उधम सिंह के परिवार और दूसरे पक्ष के बीच लंबे समय से आपसी विवाद चला आ रहा था। यह रंजिश पहले भी हिंसा में बदल चुकी है। मंगलवार रात यह विवाद फिर भड़क उठा। पहले कहासुनी हुई और फिर देखते ही देखते दोनों ओर से फायरिंग शुरू हो गई, जिससे गांव में अफरा-तफरी मच गई।
इस गोलीबारी में उधम सिंह की पत्नी अलका गोली लगने से गंभीर रूप से घायल हो गईं। गोली लगते ही वह मौके पर गिर पड़ीं और हालत बेहद नाजुक हो गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम गांव पहुंची और घायल महिला को तत्काल नारसन के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने उसे हायर सेंटर रेफर कर दिया।
घटना के बाद पूरे गांव में दहशत का माहौल है। हालात को देखते हुए पुलिस ने अतिरिक्त फोर्स तैनात कर दी है और लगातार गश्त की जा रही है। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक अमरजीत सिंह ने बताया कि मामला पुराने विवाद से जुड़ा है और बीते दो दिनों से दोनों पक्षों के बीच तनाव बना हुआ था, जो आखिरकार हिंसक झड़प में बदल गया। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है और शांति व्यवस्था बनाए रखने के प्रयास जारी हैं।
बीते 31 जनवरी को भी ऋषिकेश स्थित शिवाजी नगर मोहल्ले की उसके कथित प्रेमी द्वारा गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
इसके बाद सोमवार 2 फरवरी को देहरादून मच्छी बाजार में एक युवती की चापड से वार कर हत्या कर दी गई थी। घर के बाहर ही बाइक सवार युवक ने वारदात को अंजाम दिया। युवती 23 वर्ष की थी जिसका नाम गुन्नू था। वह घर के बाहर से जा रही थी। इसी दौरान बाइक पर आया एक युवक उससे बात करने लगा। इसी बातचीत के दौरान उसने चापड़ निकालकर गले पर वार कर दिया। गुन्नू की मौके पर ही मौत हो गई थी।
लगातार हो रहे महिला अपराधों को लेकर कानून व्यवस्था पर सवाल उठने लाजिमी हैं।










